
देहरादून। उत्तराखंड परिवहन निगम के करीब छह हजार कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। पिछले दो महीने से वेतन का इंतजार कर रहे रोडवेज कर्मियों को आज यानी सोमवार से एक महीने का वेतन देने की प्रक्रिया आधिकारिक रूप से शुरू कर दी गई है। निगम के नियमित, संविदा और आउटसोर्स कर्मचारियों के एक महीने के वेतन मद में लगभग 13 करोड़ रुपये की राशि जारी की जा रही है।
परविहन निगम की आर्थिक स्थिति खराब होने के कारण कर्मचारियों को लंबे समय से नियमित वेतन नहीं मिल पा रहा था। बीते दो महीने का वेतन पहले से ही बकाया था और अक्टूबर का महीना खत्म होने के साथ तीन महीने का वेतन लंबित होने की नौबत आ गई थी। आगामी त्योहारों के सीजन को देखते हुए रोडवेज मुख्यालय ने कर्मचारियों को एक महीने का वेतन तुरंत जारी करने की व्यवस्था की है।
रोडवेज के महाप्रबंधक (संचालन) क्रांति सिंह ने बताया कि सोमवार से कर्मचारियों के खातों में वेतन भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि आगामी दिनों में त्योहारों के दौरान निगम की आय में सुधार होता है, तो प्राप्त राजस्व से कर्मचारियों के बाकी बचे हुए लंबित वेतन का भुगतान भी जल्द कर दिया जाएगा।
वेतन राहत के साथ-साथ दिल्ली रूट पर बस संचालन को लेकर भी बड़ा अपडेट सामने आया है। आगामी 1 नवंबर से राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में केवल BS-6 मानक वाले वाहनों को ही प्रवेश की अनुमति मिलेगी। इस नियम को ध्यान में रखते हुए परिवहन निगम ने अपनी 1300 बसों के बेड़े में से दिल्ली रूट की व्यवस्थाएं दुरुस्त करना शुरू कर दिया है।
प्रदूषण नियमों के चलते दिल्ली रूट पर चलने वाली निगम की 25 वोल्वो बसों में से करीब आधी बसें वहां प्रवेश नहीं कर सकेंगी। यात्रियों की सुविधा के लिए रोडवेज प्रबंधन ने सीएनजी और बीएस-छह मानक वाली बसों के फेरे बढ़ाने का निर्णय लिया है। महाप्रबंधक के अनुसार देहरादून-दिल्ली मार्ग पर बीएस-छह वाली वोल्वो बसों के फेरे बढ़ाए जाएंगे ताकि यात्रियों को आवागमन में परेशानी न हो।






