
उत्तराखंड में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की नीतियों में से एक “जन-जन की सरकार जन-जन के द्वार” कार्यक्रम अब धरातल पर सरकार और जनता के मध्य स्थित डोर को सार्थक कर रहा है। इस कार्यक्रम के अंतर्गत अब जनता अपनी शिकायत निस्तारण के लिए प्रशासन के पास नहीं जाती बल्कि प्रशासनिक अमला स्वयं जनता के दरवाजे पर आकर कार्य करता है। मुख्यमंत्री धामी की इस सकारात्मक पहल का जीवंत उदाहरण अल्मोड़ा जिले के विकासखंड धौलादेवी की न्यायपंचायत पानुवानौला में भी देखने को मिला, जहां गांधी इंटर कॉलेज परिसर में समस्या निस्तारण के लिए बहुउद्देशीय शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर के माध्यम से समाज कल्याण, महिला एवं बाल विकास, चिकित्सा विभाग, पंचायतीराज विभाग, कृषि, उद्यान, विद्युत, पेयजल समेत अनेक विभागों ने लोगों को विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित किया। इस दौरान 900 से भी अधिक लोगों को योजनाओं से लाभान्वित और उनकी समस्या का त्वरित निस्तारण किया गया।
शिविर में जन-समस्याओं का त्वरित निस्तारण
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की “जन-जन की सरकार जन-जन के द्वार” पहल के माध्यम से प्रदेश की आम जनता को सरकारी योजनाओं से लाभान्वित किया जा रहा है। इसी तर्ज पर विकासखंड धौलादेवी की न्यायपंचायत पानुवानौला में आयोजित शिविर के दौरान जरुरतमंदों को मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट दी गई तो किसी ने समाज कल्याण विभाग के माध्यम से सहायक उपकरण प्राप्त किए। वहीं कार्यक्रम में मौजूद जिलाधिकारी अल्मोड़ा अंशुल सिंह ने जन समस्याओं को गंभीरतापूर्वक सुना और प्रत्येत जन-समस्या के त्वरित निस्तारण के लिए संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य शासन की योजनाओं और सेवाओं को सीधे आमजन तक पहुँचाना तथा लोगों को कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत दिलाना है।



