उत्तराखंड में मौसम पश्चिमी विक्षोभ के कारण अपनी करवट जल्द बदलने वाला है। प्रदेश में रात को तापमान में गिरावट होने से पर्वतीय क्षेत्रों से लेकर मैदानी इलाकों में सुबह और शाम को कड़कड़ाती ठिठुरन महसूस की जा रही है। वहीं उत्तराखंड के मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से आगामी चार दिसंबर से उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश के साथ बर्फबारी होने के भी प्रबल आसार हैं।
उत्तराखंड में फिर घुमेगा मौसम का चक्र
उत्तराखंड में मौसम पश्चिमी विक्षोभ के कारण अपनी करवट जल्द बदलने वाला है। उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों से लेकर मैदानी इलाकों तक इस समय शीत लहर का साया है, जहां एक ओर दिन में चटख धूप लोगों को तपिश और राहत दे रही है तो वहीं रात को गिरता हुआ तापमान हड्डियां जमाने लगा है। प्रदेश में रात को तापमान में गिरावट होने से पर्वतीय क्षेत्रों से लेकर मैदानी इलाकों में सुबह और शाम को कड़कड़ाती ठिठुरन महसूस की जा रही है। वहीं उत्तराखंड के मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से आगामी चार दिसंबर से उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश के साथ बर्फबारी होने के भी प्रबल आसार हैं। इसके अतिरिक्त मौसम विज्ञान केंद्र ने इस समय प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्रों में यात्रा करने वाले यात्रियों को आगाह किया है कि वे सतर्कता और पूर्ण तैयारी के साथ अपनी यात्रा को जारी रखें।
जानिए मौसम का पूर्वानुमान
उत्तराखंड में मौसम अपने सुर एक बार फिर बदलने वाला है चूंकि भू-मध्य सागर में उत्पन्न पश्चिमी विक्षोभ अब सक्रिय हो चुका है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार फिलहाल आगामी दो दिनों तक प्रदेश के मौसम में कोई भी बदलाव के आसार नहीं है, लिहाजा मौसम में शुष्कता के कारण रात को तापमान में खासी गिरावट देखने को मिल सकती है। जबकि, चार दिसंबर से उत्तराखंड में सक्रिय होने वाले पश्चिमी विक्षोभ से राज्य के तीन पर्वतीय जिलों चमोली, उत्तरकाशी और पिथौरागढ़ इन जिलों के अधिक ऊंचाई वाले स्थानों में हल्की से मध्यम वर्षा होने के आसार हैं , तो वहीं ऊंची पर्वत चोटियों पर हिमपात होने की संभावना स्पष्ट की गई है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार पर्वतीय क्षेत्रों में हिमपात होने से प्रदेश के तापमान में भी गिरावट आएगी और अधिक ठंड भी महसूस की जाएगी।




