
उत्तराखंड में मानसून के आगमन में हो रही देरी ने मैदानी और घाटी वाले इलाकों में रहने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। राजधानी देहरादून समेत राज्य के कई हिस्सों में रविवार को तीखी धूप और भारी उमस के कारण आम जनजीवन बेहाल रहा।
उमस भरे इस मौसम की वजह से अस्पतालों में चिड़चिड़ापन, बेचैनी, डिहाइड्रेशन, उल्टी और डायरिया के मरीजों की संख्या में अचानक बढ़ोतरी देखी जा रही है। इस बीच मौसम विज्ञान केंद्र ने एक बड़ी राहत की खबर दी है, जिसके अनुसार अगले दो से तीन दिनों के भीतर राज्य के कुछ हिस्सों में दक्षिण-पश्चिम मानसून दस्तक दे सकता है।
सामान्य से 5 डिग्री ऊपर पहुंचा पारा
प्रदेश के मैदानी जिलों में इस समय सूरज की तपिश और उमस का डबल अटैक देखने को मिल रहा है। रविवार को राजधानी देहरादून में दिन के समय कुछ देर के लिए चली तेज हवाओं ने राहत तो दी, लेकिन शाम होते ही हवा थमने से उमस का ग्राफ फिर चढ़ गया। मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, देहरादून में अधिकतम तापमान सामान्य से पांच डिग्री अधिक यानी 37.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
हैरानी की बात यह है कि पहाड़ों की गोद में बसे इस शहर में रातें भी उबल रही हैं। दून का न्यूनतम तापमान भी सामान्य से तीन डिग्री ऊपर 26.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ है। उधर, पंतनगर में भी स्थिति बेहद खराब है, जहां अधिकतम तापमान 38.7 डिग्री और न्यूनतम तापमान 27.4 डिग्री सेल्सियस रहने से लोग पूरे दिन पसीने से तर-बतर रहे।
पर्वतीय इलाकों में बौछारों से मिली आंशिक राहत
एक तरफ जहाँ मैदानी इलाके भीषण गर्मी से तप रहे हैं, वहीं उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों के कई हिस्सों में हुई बारिश ने स्थानीय लोगों को बड़ी राहत दी है। मौसम विज्ञान केंद्र से मिली जानकारी के मुताबिक, पिछले 24 घंटों में सबसे अधिक 38.5 मिलीमीटर वर्षा पर्यटन नगरी नैनीताल में रिकॉर्ड की गई है।
इसके अलावा भीमताल क्षेत्र में 16.5 मिलीमीटर और कालाढूंगी व बेरीनाग में 11-11 मिलीमीटर पानी बरसा है। वहीं कोटद्वार में 10 मिमी, ताकुला में 9 मिमी, जबकि जागेश्वर और साल्ट में 7-7 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। वहीं ऊखीमठ में 6.5 मिमी तथा विकासनगर, कालसी और बागेश्वर में 4.5-4.5 मिलीमीटर तक की हल्की फुहारों ने मौसम को थोड़ा खुशनुमा बना दिया है।
आज इन जिलों के लिए जारी हुआ बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने सोमवार के लिए उत्तराखंड के कई जिलों में बारिश का अनुमान जताया है। आज बागेश्वर, पिथौरागढ़, नैनीताल और चम्पावत में हल्की से मध्यम बारिश होने के आसार हैं। इन जिलों के कुछ पहाड़ी इलाकों में तेज बौछारें भी गिर सकती हैं।
इसके अतिरिक्त, ऊधमसिंह नगर में भी कई जगहों पर बादलों की आवाजाही के साथ वर्षा होने की संभावना है। वहीं, हरिद्वार के कुछ इलाकों में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। मौसम वैज्ञानिकों ने पहाड़ी रूटों पर यात्रा करने वाले लोगों को अलर्ट करते हुए कहा है कि पहाड़ों में तेज बारिश के दौरान 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।
उत्तराखंड में इस दिन होगी मानसून की एंट्री
मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक डॉ. सी.एस. तोमर ने बताया कि मानसून की उत्तरी सीमा फिलहाल सूरत, इंदौर, मंडला, डाल्टनगंज और मोतिहारी से होते हुए आगे बढ़ रही है। उत्तराखंड के लिए राहत की बात यह है कि आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अब पूरी तरह से अनुकूल बन चुकी हैं।
डॉ. तोमर के अनुसार, अगले दो से तीन दिनों के भीतर दक्षिण-पश्चिम मानसून उत्तराखंड के कुछ हिस्सों में विधिवत प्रवेश कर जाएगा। मानसून की इस पहली दस्तक के साथ ही राज्य के मैदानी और पहाड़ी इलाकों में व्यापक बारिश का दौर शुरू होगा, जिससे तापमान में भारी गिरावट आएगी और लोगों को इस जानलेवा गर्मी व उमस से पूरी तरह मुक्ति मिल जाएगी।




